उत्तर;मॉनिटर की किट और यूपीएस और इन्वर्टर के बोर्ड को जलना
आपका प्रश्न मॉनीटर किट, यूपीएस और इनवर्टर के जलने के परिणामो और उससे से बचाव के बारे में है।
कानून और सेहत के नजरिये से इलेक्ट्रॉनिक पार्ट को जलाना बहुत खतरनाक और गलत तरीका है। ऐसा नहीं किया जाना चाहिए क्योंकि यह इसमें इतने सारे नुकसानदेह जहरीली चीजें होती हैं जिसमे इंसान के सेहत को नुकसान होता है । जहरीले धुएं और गैसों से आंखों, त्वचा, फेफड़ों में बीमारी या बीमारी से लड़ने में दिक्कतें होती हैं और तन में जहर फैलने और कैंसर जैसे बीमारी का कारण बनते हैं।
बड़े कारखानों में, कोई भी इनको जलाता नहीं है क्यूंकि जलने से कीमती चीजें ख़राब हो जाती हैं या उनकी खूबियां कम हो जाती है और इससे उनकी कीमत कम हो जाती है। पुर्जों को हाथ से अलग करना और बाद मे ये पक्का करना चाहिए की उसके पार्ट्स अभी भी काम कर रहे हे या नहीं और तब उनको बेचना चाहिए।
अपने आसपास और दोस्तों को सलाह दे कि वे इलेक्ट्रॉनिक पार्ट्स को जलाना बंद करे जिससे अनजाने में जहर का शिकार न हों और इसके बजाय कीबोर्ड , फोन , मदरबोर्ड डिस्मेंटल (तोड़कर) या तारों को छील कर काम करे । ऐसा करने के दौरान, उसे एक सिर को ढकना, धूल के लिए मास्क (मुंह ढकना) और दस्ताने पहनना चाहिए, काम करने वाले कपड़ो को घर आकर बदलना चाहिये और घर लौटने पर नहाना चाहिए।
जितनी जल्दी हो सके, वह आस-पास के अस्पताल में चेक-अप के लिए जाये । डॉक्टर से खाने के बारे में पूछना चाहिए कि अभी जो काम कर रहे हैं उसके लिए किस तरह का खाना चाहिए | अस्पताल में जांचें मुफ्त है।
1 गवर्नमेंट हॉस्पिटल, ए -8, स्ट्रीट नं .2, भगत विहार, पूर्वी सदातपुर एक्सटेंशन, करावल नगर, दिल्ली, 110094
2 वीर सावरकर एमसीडी अस्पताल, पूर्वी करवल नगर, भगत विहार, पूर्वी सदातपुर विस्तार, करवल नगर, नई दिल्ली, दिल्ली 110094
3डिस्पेंसरी, बृज पुरी, न्यू मुस्तफाबाद, दिल्ली, 110094